BNS धारा 4 – इस कानून के तहत अपराध और सज़ा

📘 BNS (भारतीय न्याय संहिता – Bharatiya Nyaya Sanhita, 2023)

🧾 Section 4 (धारा 4) – इस कानून के तहत अपराध और सज़ा

(Punishment of offences under this Sanhita and other laws)

🟢 Section 4 का आसान मतलब:

अगर कोई व्यक्ति कोई अपराध करता है
👉 और वह अपराध BNS (भारतीय न्याय संहिता) में लिखा हुआ है,
तो उसे इसी कानून (BNS) के अनुसार सज़ा दी जाएगी।

🧠 सरल भाषा में समझो:

🔹 स्थिति 1:

अगर अपराध BNS में लिखा है
👉 तो सज़ा भी BNS के हिसाब से मिलेगी ✅

🔹 स्थिति 2:

अगर कोई अपराध किसी दूसरे कानून (Other Law) में लिखा है
जैसे:

  • NDPS Act
  • IT Act
  • Arms Act
  • Special Acts

👉 तो सज़ा उसी कानून के हिसाब से दी जाएगी ✅
(BNS नहीं, Special Law लागू होगा)

📌 मतलब साफ शब्दों में:

अपराध कहाँ लिखा है सज़ा किस कानून से
BNS में BNS से
किसी Special Law में उसी Special Law से

एक लाइन में:

जिस कानून में अपराध लिखा है, उसी कानून से सज़ा मिलेगी।

⚖️ दंड (Punishment) की स्थिति:

Section 4 खुद कोई नई सज़ा तय नहीं करता
👉 यह सिर्फ यह नियम बनाता है कि
सज़ा किस कानून से दी जाएगी

🔹 Actual सज़ा (जेल, जुर्माना, उम्रकैद, फांसी)
आगे की धाराओं (Next Sections) में दी गई होती है।

🧾 Simple Example:

अगर:

  • चोरी (Theft) → BNS में है → सज़ा BNS से
  • ड्रग्स केस → NDPS Act में है → सज़ा NDPS से
  • साइबर अपराध → IT Act में है → सज़ा IT Act से